अंबिकापुर। मणिपुर थाना क्षेत्र के ग्राम मेण्ड्राकला में जमीन के रकबे में कथित हेरफेर और शासकीय राजस्व अभिलेखों में कूटरचना का मामला सामने आया है। शिकायत और प्रशासनिक जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर पुलिस ने जमीन मालिक पाण्डु, बुढ़िया और तत्कालीन हल्का पटवारी पन्ने लाल सोनवानी के खिलाफ धोखाधड़ी, कूटरचना और आपराधिक षड्यंत्र सहित विभिन्न धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
0.433 हेक्टेयर को रिकॉर्ड में दर्शाया 0.753 हेक्टेयर
मामला ग्राम मेण्ड्राकला स्थित खसरा नंबर 922 से जुड़ा है। शिकायतकर्ता ब्रह्मरोड निवासी रमेश कुमार अग्रवाल के अनुसार उन्होंने उक्त भूमि का सौदा 0.753 हेक्टेयर रकबे के आधार पर किया था। पूरी राशि का भुगतान करने के बाद जमीन की रजिस्ट्री और नामांतरण की प्रक्रिया भी पूरी कराई गई।
बाद में जब मौके पर जमीन का सीमांकन कराया गया तो वास्तविक रकबा रिकॉर्ड में दर्ज रकबे से काफी कम पाया गया। इसके बाद शिकायतकर्ता ने मामले की शिकायत प्रशासन से की।
जांच में राजस्व रिकॉर्ड में ओवरराइटिंग का खुलासा
शिकायत के बाद कलेक्टर कार्यालय की भू-अभिलेख शाखा द्वारा मामले की जांच कराई गई। जांच समिति की रिपोर्ट के अनुसार, वर्ष 2005 से 2007 के बीच पदस्थ तत्कालीन हल्का पटवारी पन्ने लाल सोनवानी द्वारा पाण्डु और बुढ़िया के नाम दर्ज मूल रकबे 0.433 हेक्टेयर में कथित तौर पर ओवरराइटिंग एवं कूटरचना कर उसे 0.753 हेक्टेयर दर्शाया गया।
आरोप है कि इसी संशोधित रकबे के आधार पर जमीन का विक्रय किया गया, जिससे खरीदार को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा। शिकायतकर्ता ने करीब 20 लाख रुपये के नुकसान का आरोप लगाया है।
जांच रिपोर्ट के बाद पुलिस ने दर्ज किया अपराध
प्रशासनिक जांच में शासकीय अभिलेखों में कथित हेरफेर सामने आने के बाद मणिपुर थाना पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ FIR दर्ज की है। पुलिस के अनुसार पाण्डु पिता कल्याण दास, बुढ़िया पिता कल्याण दास और तत्कालीन हल्का पटवारी पन्ने लाल सोनवानी के खिलाफ FIR क्रमांक 0171/2026 दर्ज की गई है।
मामले में भारतीय दंड संहिता की धारा 420, 467, 468, 471 और 120-B के तहत अपराध दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। अब पुलिस दस्तावेजों की जांच के साथ मामले में शामिल अन्य तथ्यों और संबंधित व्यक्तियों की भूमिका की भी पड़ताल कर रही है।



