अंबिकापुर. देश के भविष्य गढ़ने वाले नौनिहाल किचन शेड में पढ़ने को मजबूर है,वहीं ठंड के मौसम में आंगनबाड़ी में किसी तरह ये नौनिहाल अपनी शिक्षा हासिल करते है,लेकिन बारिश के दिनों किचन शेड में. दरअसल सरगुजा जिले के शिमला कहे जाने वाले मैनपाट विकासखंड के कुदारीडीह जंगलपारा का स्कूल 2006 से है भवन विहीन,ठंड के सीजन में आंगनबाड़ी केंद्र में लगता है प्राथमिक शाला जंगल पार्क का स्कूल,आंगनवाड़ी जर्जर होने से बारिश के सीजन में किचन शेड में स्कूल संचालित किया जा रहा,
स्थानीय विधायक केवल वाहवाही लूटने से फुर्सत नहीं,तभी तो नौनिहाल देश के भविष्य गढ़ने किचन शेड में पढ़ने मजबूर….
से यह खबर मैनपाट से सामने आई है, जहां विधायक रामकुमार टोप्पो कई बार इनके बर्तन धोने, बाल काटने जैसी तस्वीर सोशल मीडिया वायरल भी हुआ था,इस दौरान विधायक लोगो के साथ स्वच्छता और विकास की बात करते नजर आए थे,लेकिन सालों गुजरने के बाद भी मैनपाट से शिक्षा विभाग की पोल खोलती तस्वीर आ रही है, जहां स्कूल के किचन शेड में पढ़ने को मजबूर है,बच्चे. वही क्षेत्र के विधायक रामकुमार टोप्पो हो या प्रदेश की सरकार शिक्षा को लेकर बड़े बड़े वादे और घोषणा करते है,लेकिन धरातल पर इसका नतीजा देखने को मिल रहा है, कि बच्चे किस तरह शिक्षा हासिल कर रहे है एक किचन शेड में. यहां के शिक्षकों का कहना है कि कई बार लिखित मौखिक शिकायत नए भवन के लिए दिया गया है,लेकिन कोई पहला विभाग हो या नेता किसी के द्वारा नहीं किया गया अब तक.
प्रदेश की पूरी सरकार ही प्रशिक्षण कार्यक्रम में शिमला के वादियों में अपना बहुमूल्य समय दिए,जहां इनके कार्यक्रम में करोड़ों रुपए एक झटके में समाप्त हो चुके होंगे, लेकिन सालों से नौनिहाल कितनी कष्ट दायक शिक्षा हासिल करने को मजबूर है इनपर शायद किसी की नजर अब तक नहीं पहुंची,लेकिन कैसे नहीं पहुंची शिक्षक अपनी समस्या को लेकर शिक्षा विभाग के अधिकारी सहित नेताओं को बता चुके है,लेकिन नेता सहित विभाग कान में तेल डालकर भूल चुके है तभी तो नौनिहाल किचन शेड में गढ़ रहे अपना भविष्य.
बरहाल वादे तो बड़े बड़े विधायक जी,इन बच्चों को स्कूल भवन का निर्माण तो करा दीजिए तब,समझेंगे आप वाहवाही लूटने नहीं,जनता की सेवा करने उनके बीच जाकर,शिक्षा और विकास की बात करते है.



